मानसा में झोटा को इंसाफ दिलाने के लिए तेज होगा संघर्ष, पंजाबभर में पुलिस थानों के बाहर प्रदर्शन का ऐलान
युवक दलजीत सिंह की मौत के मामले ने तूल पकड़ लिया है
परिजनों और ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया
पुलिस ने वहां जुटे प्रदर्शनकारियों को रोककर लाठीचार्ज किया
लक्खा सिधाना समेत कई लोगों को पुलिस हिरासत में ले लिया
पुलिस द्वारा शव को अपने कब्जे में लेने के बाद तनाव बढ़ गया
मानसा
पंजाब के मानसा में एंटी ड्रग एक्टिविस्ट परविंदर सिंह झोटा को इंसाफ दिलाने की मांग के बीच युवक दलजीत सिंह की मौत के मामले ने तूल पकड़ लिया है। मंगलवार को गांव भम्मे कलां के दलजीत सिंह की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें रोककर लाठीचार्ज किया और लक्खा सिधाना समेत कई लोगों को हिरासत में ले लिया। पुलिस द्वारा शव अपने कब्जे में लिए जाने के बाद तनाव और बढ़ गया। अब झोटा को इंसाफ दिलाने की मांग, दलजीत सिंह की मौत और पुलिस कार्रवाई को लेकर मानसा में विरोध तेज होने के आसार हैं। एक तरफ भारतीय किसान यूनियन एकता (उगराहां) ने पंजाबभर में पुलिस थानों के सामने प्रदर्शन का आह्वान किया है, वहीं दूसरी तरफ गुरुद्वारों में अरदास और मानसा के इंसाफ मोर्चे में लोगों की भागीदारी बढ़ने की संभावना है।

शव परिजनों को सौंपने की मांग, किसान यूनियन का प्रदर्शन का ऐलान
भारतीय किसान यूनियन एकता (उगराहां) ने मृतक का शव परिजनों को सौंपने और इंसाफ मोर्चे में पुलिस दखल बंद करने की मांग की है। यूनियन ने पंजाबभर में पुलिस थानों के सामने रोष प्रदर्शन का ऐलान किया है। यूनियन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष झंडा सिंह जेठूके के नेतृत्व में संगठन का जत्था बुधवार को मानसा के इंसाफ मोर्चे में भी शामिल होगा। वहीं, परविंदर सिंह झोटा के पिता भीम सिंह ने लोगों से मानसा पहुंचने की अपील की है। भाना सिद्धू ने चेतावनी दी है कि हिरासत में लिए गए युवाओं को बुधवार सुबह तक रिहा नहीं किया गया तो सरकार के खिलाफ संघर्ष तेज किया जाएगा।
SSP का दावा-शरारती तत्वों ने माहौल को खराब करने की कोशिश की
दूसरी ओर, मानसा के SSP वैभव चौधरी ने कहा कि युवक की हत्या के मामले में तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। उनके मुताबिक, कुछ शरारती तत्व माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे थे, जिसके चलते पुलिस को कार्रवाई करनी पड़ी। SSP ने स्पष्ट किया कि शव का अंतिम संस्कार पुलिस नहीं करेगी और परिवार की सहमति से ही आगे की कार्रवाई होगी। धरना शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा है और वहां पुलिस की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। अब सबकी नजरें एक्शन कमेटी की बैठक और आगे की रणनीति पर टिकी हैं।









